Cabinet meeting : इलाहाबाद व फैजाबाद मंडल के नाम में हुआ परिवर्तन

लखनऊ। आज लोकभवन में योगी कैबिनेट की एक महत्वपूर्ण बैठक समाप्त हो गई है। इस Cabinet meeting में सरकार के लगभग सभी मंत्री शामिल हुए। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने इलाहाबाद और फैजाबाद जिलों का नाम बदलने के बाद अब इन मंडलों के नाम में भी बदलाव कर​ दिया है। प्रदेश सरकार के प्रवक्ता और कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने बताया कि कैबिनेट बैठक में कुल 9 प्रस्तावों पर मुहर लगी है।

Cabinet meeting : इलाहाबाद मंडल अब हुआ ‘प्रयागराज मंडल’

योगी आदित्यनाथ के अध्यक्षता में संपन्न इस बैठक के बाद नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि, “कैबिनेट ने इलाहाबाद मंडल का नाम परिवर्तित कर प्रयागराज मंडल के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी है। जो जिले इलाहाबाद मंडल में आते थे, वही इसमें शामिल रहेंगे।”

फैजाबाद मंडल बना ‘अयोध्या मंडल’

साथ ही उन्होंने कहा कि ,” दूसरा प्रस्ताव फैजाबाद मंडल का नाम परिवर्तित कर अयोध्या मंडल करने का आया था। इस पर भी कैबिनेट ने अपनी मुहर लगा दी है। इसमें भी फैजाबाद मंडल की तरह पूर्व जिले शामिल रहेंगे। उन्होंने बताया कि इसके अलावा लखनऊ मेट्रो रेल प्रोजैक्ट के फेज वन में 48.03 वर्ग मीटर जमीन राजकीय महिला पालीटेक्निक से लेकर लीज पर दी गई है।

काशी विश्वनाथ मंदिर के लिए…

सिद्धार्थ नाथ सिंह ने बताया कि इसके अलावा काशी विश्वनाथ मंदिर के लिए 130 और प्रॉपर्टी लेने की आवश्यकता है। इसके लिए कुल लागत में से 190 करोड़ रुपए कैबिनेट पास कर चुका है, आज शेष धनराशि भी पास कर दी गई है।

मेडिकल कॉलेजों में प्रवक्ता के पद समाप्त

उन्होंने बताया कि योगी कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश के राज्य चिकित्सा महाविद्यालय सेवा नियमावली में संशोधन किया गया है। इसके तहत मेडिकल कॉलेजों में प्रवक्ता के पद को समाप्त कर दिया गया है. अब लोक सेवा आयोग से सीधी भर्ती असिस्टेंट प्रोफेसर की होगी। प्रवक्ता पद हट जाएगा।

मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार योजना

प्रदेश सरकार के प्रवक्ता और कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने बताया कि कैबिनेट से वित्त विहीन शिक्षकों को मुख्यमंत्री अध्यापक पुरस्कार योजना को सहमति मिल गई है। अब हर साल ये पुरस्कार स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के मौके पर 25 दिसम्बर को दिए जाएंगे। प्रस्ताव के अनुसार हर साल 18 लोगों को ये पुरस्कार मिलेगा। इनमें से प्रत्येक को 25 हजार रुपए का पुरस्कार दिया जाएगा।

मक्का की कीमत को 1700 रुपये प्रति क्विंटल

योगी कैबिनेट ने मक्का की कीमत को 1700 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। इसे प्रदेश के 20 जिलों में लागू किया गया है। इसके अलावा खाद्य आयुक्त इसे जरूरत के हिसाब से अन्य ​जनपद तक बढ़ा सकते हैं। सरकार ने पहली बार इसे लागू किया है। सिद्धार्थ नाथ सिंह ने बताया कि 20 रुपये प्रति कुंतल अलग से दिया जा रहा है। इसमें कुल 214.9 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। कुल एक लाख मीट्रिक टन मक्का की खरीद अनुमानित है।

प्रदेश में दो फेज में मेडिकल कॉलेज…

इसके अलावा प्रदेश में दो फेज में मेडिकल कॉलेज बन रहे हैं। पहले फेज में बस्ती, बहराइच, फिरोजाबाद, फैजाबाद और शाहजहांपुर में मेडिकल कॉलेज हैं। इनका संचालन करने के लिए मध्यप्रदेश, गुजरात में सोसाइटी संचालन का कांसेप्ट है। उसी तर्ज पर यूपी में भी मेडिकल कॉलेजों के संचालन के लिए सोसाइटी बनाने, उन्हें स्वायत्त किया जाए इसके प्रस्ताव पर मुहर लगी है। इसकी गवर्निंग बॉडी में ​मेडिकल एजूकेशन के मंत्री चेयरमैन होंगे।

इसके अलावा 15 अक्टूबर 2016 को वाराणसी में राजघाट पुल पर भगदड़ में 25 लोगों की मौत पर आई जांच रिपोर्ट को सदन में रखने को मंजूरी मिली है।

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