Gujarat : दलित नेता की मौत,कई जगह विरोध प्रदर्शन

अहमदाबाद। गुजरात Gujarat में सरकार की ओर से दी जाने वाली जमीन का हस्तारंण नहीं होने से पाटण कलेक्टर कार्यालय के बाहर आत्मदाह करने वाले दलित नेता भानुभाई वणकर की देर रात मौत हो गई। पचास फीसद जलने के बाद उन्हें इलाज के लिए पहले पाटण लाया गया।

सिविल अस्तपाल Gujarat में शव का पोस्टमोर्टम

वहीं तबीयत बिगड़ने पर Gujarat के अपोलो हॉस्पिटल में रेफर किया गया था। जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। गाँधीनगर की सिविल अस्तपाल में उनके परिजनों की उपस्थिति में शव का पोस्टमोर्टम किया जा रहा है। भानुभाई के परिजनों ने दोपहर को एक पत्रकार परिषद भी बुलाई है।

उधर भानुभाई की मौत की खबर आते ही जगह-जगह राज्य सरकार के खिलाफ विरोध शुरू हो गया है। ऊंझा, शंखेश्वर और पाटण में दलित संगठनों द्वारा बंद का ऐलान किया गया है। यहां कोई अप्रिय घटना न हो इसके लिए प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। यहां एसआरपी की दो कंपनियां तैनात की गई हैं। अहमदाबाद के ओढव क्षेत्र में भी शनिवार सुबह दुकानें बंद करवाने भारी संख्या दलित समाज लोग सड़क पर आ गए। हालांकि पुलिस के कड़े बंदोबस्त की वजह से यहां अब तक कोई हिंसा नहीं हुई है।

गौरतलब है कि जमीन की मांग को लेकर भानुभाई प्रसाद वणकर गुरुवार को हेमाबेन व रामाभाई के साथ पाटण कलेक्टर कार्यालय पहुंचे थे। जहां खुद पर केरोसिन डालकर आग लगा लगी थी। ऊना के बाद एक बार फिर दलित उत्पीड़न व आत्मदाह की घटना को लेकर प्रदेश सरकार की चारों ओर आलोचना हो रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *