कोविड:स्वास्थ्य संस्थानों के एक- एक डॉक्टर और एएनएम को दिया जाएगा प्रशिक्षण

● प्रशिक्षण में मिलेगी ऑक्सीजन के युक्ति संगत उपयोग व अन्य तकनीकी पहलुओं की जानकारी.

मुंगेर। कोरोना के ओमिक्रोन वैरिएंट की वजह से जिला में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है। इससे निपटने को ले जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग काफी सजग है। इसको ध्यान में रखते हुए राज्य स्वास्थ्य समिति के निर्देशानुसार नेशनल ऑक्सीजन स्टिववार्डशिप प्रोग्राम के तहत के सभी स्वास्थ्य संस्थानों (एपीएचसी लेवल तक) में कार्यरत एक- एक डॉक्टर और एएनएम नर्स को प्रशिक्षण दिया जाएगा।

मुंगेर के सिविल सर्जन डॉ. हरेन्द्र आलोक ने बताया कि राज्य स्वास्थ्य समिति पटना के कार्यपालक निदेशक संजय कुमार सिंह द्वारा जारी किए गए पत्र के आलोक में जिला के सभी स्वास्थ्य संस्थान से चयनित एक-एक डॉक्टर और एएनएम नर्स को नेशनल ऑक्सीजन स्टिववार्डशिप प्रोग्राम के तहत स्वास्थ्य संस्थान में ऑक्सीजन की उपलब्धता एवं युक्ति संगत उपयोग तथा कम्प्लीट ऑक्सीजन मैनेजमेंट के सिस्टेमेटिक मॉनिटरिंग के बारे में ट्रेनिंग दी जाएगी।

उन्होंने बताया कि नेशनल ऑक्सीजन स्टिववार्डशिप प्रोग्राम का उद्धाटन 22 दिसम्बर 2022 को केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री डॉ. भारती प्रवीण पवार के द्वारा किया गया था। इसके बाद एम्स दिल्ली के विशषज्ञों के द्वारा ऑक्सीजन थेरेपी और प्रबंधन के विषय पर ऑनलाइन तकनीकी प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया । इस ट्रेनिंग में जिला से चयनित डॉ. फ़ैज़ और स्टाफ नर्स ज्योति कुमारी ने प्रशिक्षण प्राप्त किया है।

डॉ. फ़ैज़ और ज्योति कुमारी निभाएंगे डिस्ट्रिक्ट ट्रेनर की भूमिका :
जिला स्वास्थ्य समिति मुंगेर के जिला कार्यक्रम प्रबंधक नसीम रजि ने बताया कि जिला से चयनित डॉ. फ़ैज़ और ज्योति कुमारी डिस्ट्रिक्ट ट्रेनर के रूप में नेशनल ऑक्सीजन स्टिववार्ड प्रोग्राम के तहत जिला के सभी स्वास्थ्य संस्थान से चयनित डॉक्टर और एएनएम को ऑक्सीजन थेरेपी, प्रबंधन और ऑक्सीजन के युक्ति संगत उपयोग विषय पर प्रशिक्षण देंगे।

About Samar Saleel

Check Also

आजादी की 75वीं वर्षगांठ पर राज्य के 23 कैदियों को मिलेगी रिहाई, राज्यपाल ने दी मंजूरी

🔊 खबर सुनने के लिए क्लिक करें उत्तराखंड सरकार ने सजाप्राप्त 23 कैदियों को रिहा ...