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21 जनवरी को बन रहा खप्पर योग जरूर कर लें ये 5 काम, जाग जाएगी सोई किस्मत

इस साल की मौनी अमावस्या 21 जनवरी को होगी. इस बार यह अमावस्या बेहद खास होने जा रही है. असल में उस दिन शनिवार है यानी न्याय के देवता शनि देव का दिन. शनि देव 30 वर्षों बाद कुंभ राशि में गोचर कर चुके हैं, जिसके चलते इस बार मौनी अमावस्या पर विशेष संयोग बन रहा है. वहीं मकर राशि में शुक्र और शनि की युति होने से खप्पर योग का निर्माण हो रहा है. कहा जाता है कि मौनी अमावस्या वाले दिन दान, स्नान, पूजा पाठ और भागवत गीता का पाठ करने से विशेष पुण्य लाभ की प्राप्ति होती है.

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार माघ माह की अमावस्या को ही मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya 2023) कहा जाता है. इस साल माघ आमवस्या 21 जनवरी को सुबह 06:17 बजे से शुरू होकर देर रात 2:22 बजे तक रहेगी. इस दिन कई लोग तंत्र साधना करना भी पसंद करते हैं. रात के समय उत्तराषाढ़ा नक्षत्र का होना और मकर में सूर्य, शुक्र और चंद्रमा की उपस्थिति तंत्र साधना के लिए मौनी अमावस्या को खास बना देती है. इस रात मंत्रों की सिद्धि करना श्रेष्ठ माना जाता है.

जरूरतमंदों को करें दान

मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya 2023 Remedies) वाले दिन जरूरतमंदों को दान अवश्य दें. ऐसा करने से पुण्य लाभ की प्राप्ति होती है, जिससे मृत्यु के बाद मोक्ष की प्राप्ति होती है. आप चाहें तो गाय, चींटी या पक्षियों को भोजन भी खिला सकते हैं.

देवी-देवताओं की करें पूजा

इस दिन सूर्य देव, पितरों और भगवान विष्णु की पूजा करना श्रेष्ठ रहता है. ज्योतिष शास्त्र में कहा गया है कि भगवान विष्णु और सूर्य देव से जुड़े मंत्रों का जाप करने से उत्तम फलों की प्राप्ति होती है. साथ ही घर में सुख-समृद्धि का संचार होता है.

मंदिर जाकर लगाएं ध्यान

मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya 2023 Remedies) वाले दिन आप सुबह जल्दी उठकर मंदिर में जाएं और वहां पर पूजा पाठ कर प्रभु का ध्यान करें. ऐसा करने से मन को असीम शांति हासिल होती है. आप मौनी अमावस्या के दिन तीर्थ यात्रा भी कर सकते हैं.

गंगा स्नान से पुण्य लाभ

अगर संभव हो तो मौनी अमावस्या के दिन आपको गंगा स्नान जरूर करना चाहिए. ऐसा करने से जातकों को भगवान विष्णु का आशीर्वाद मिलता है. साथ ही उन्हें जन्म-जन्मांतरों के बंधन से मुक्ति भी मिल जाती है.

शनि दोष से मिलती है मुक्ति

इस बार मौनी अमावस्या (Mauni Amavasya 2023 Remedies) वाले दिन शनि अमावस्या भी पड़ रही है. लिहाजा आप उस दिन शनि देव की पूजा करना न भूलें. इसके लिए आप शमी के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं. ऐसा करने से परिवार पर शनि दोष दूर हो जाता है.

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