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नवयुग में धूम धाम से मनाया गया संस्थापक दिवस 

लखनऊ। नवयुग कन्या महाविद्यालय (Navayug Girls College) के 62 वें स्थापना दिवस के अवसर पर पुरस्कार वितरण कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय के संस्थापक बाबू दीनदयाल की 111वीं जन्म जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में राजेश्वर सिंह (विधायक सरोजनी नगर लखनऊ) उपस्थित रहे। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर मंजुला उपाध्याय एवं प्रबंधक विजय दयाल के पुत्र कार्यक्रम मेंउपस्थित रहे।

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नवयुग में धूम धाम से मनाया गया संस्थापक दिवस 

कार्यक्रम का प्रारंभ दीप प्रज्जवलन और स्वo बाबू दीनदयाल के चित्र पर माल्यार्पण द्वारा किया गया। स्नातक षष्ठम् सत्र की छात्रा श्रेया श्रीवास्तव और उनके समूह द्वारा सरस्वती गायन प्रस्तुत किया गया। इसके बाद अतिथियों का स्वागत पुष्प गुच्छ और स्मृति चिन्ह् से प्राचार्या प्रो मंजुला उपाध्याय द्वारा किया गया। प्रोफेसर ऋचा शुक्ला, मेजर (डॉ) मनमीत कौर सोढ़ी डॉ गीताली रस्तोगी, और प्रोफेसर शर्मिता नंदी द्वारा आगंतुक अतिथियों का स्वागत किया गया।

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इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर मंजुला उपाध्याय ने स्वागत उद्बोधन में सभी आगंतुक अतिथियों का स्वागत करते हुए महाविद्यालय की वार्षिक रिपोर्ट को प्रस्तुत किया तथा अपने उद्बोधन में बताया कि महाविद्यालय नित्य नई -नई उपलब्धियां प्राप्त कर रहा है, अपने अनुशासन और विविध पाठ्य सहगामी क्रियाओं के माध्यम से लखनऊ के प्रसिद्ध महाविद्यालय मेंआज सर्वोच्च रुप से प्रतिष्ठित है। महाविद्यालय में विभिन्न समितियां हैं, जो छात्राओं के सर्वांगीण विकास में सदैव लगी रहती है।

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उन्होंने बताया कि यहां राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय का केंद्र भी संचालित है,जिसमें 80 छात्राएं नामांकित हैं।उन्होंने बताया कि महाविद्यालय में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के सभी नियमों एवं निर्देशों का पाठयक्रमों में पालन किया जा रहा है। हमारा महाविद्यालय अपनी छात्राओं में सांस्कृतिक चेतना जागृत कर रहा है।

परम्परा और आधुनिकता का समन्वय हमारे महाविद्यालय की विशेषता है. इस अवसर पर प्राचार्य प्रो मंजुला उपाध्याय, ऐश्वर्या सिंह, डॉ विनीता सिंह और डॉ अंजुला कुमारी द्वारा संपादित “इंडियन नॉलेज सिस्टम एंड एन ई पी 2020” की पुस्तक का विमोचन भी किया गया।

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महाविद्यालय की छात्रा अनुभवी सिंह को और 2022-23 का तथा 2023-24 का सुप्रिया गोपाल को नवयुग रत्न पाठ्यक्रम एवं सह पाठ्येतर गतिविधियों, खेलकूद तथा सामाजिक जागरूकता कार्यक्रमों में सर्वोत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रदान किया गया।

इसके साथ ही सत्र 2022-23 में सभी संकायों एवं विषयों में सर्वोच्च स्थान प्राप्त करने के लिए बीएससी तृतीय वर्ष की छात्रा ऋचा चौधरी को गोल्ड एवं सिल्वर मेडल, बीकॉम तृतीय वर्ष की गौरी शुक्ला, एमकॉम द्वितीय वर्ष की प्रिया शुक्ला, बीएड की प्रेरणा राठौर, बीए हिंदी की भावना राठौर और प्रयोजनमूलक हिंदी की गरिमा सिंह को गोल्ड मेडल से पुरस्कृत किया गया।

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2023-24 के लिए बीएससी तृतीय वर्ष की मान्या श्रीवास्तव को सभी संकायों में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने के लिए ज्ञानवती जलोटी सिल्वर एवं गोल्ड मेडल बीकॉम तृतीय वर्ष की अनिका मिश्रा को गोल्ड मेडल, एमकॉम की जान्हवी वर्मा को गोल्ड मेडल, बीएड की काजल द्विवेदी को गोल्ड मेडल, अनुष्का पांडेय हिंदी में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने के लिए दो गोल्ड मेडल, मनोविज्ञान की उजमा रिजवी को गोल्ड मेडल दिया गया।पंखुड़ी वर्मा को 3 गोल्ड मेडल, रिया यादव को 2 गोल्ड मेडल दिव्यांशी मिश्रा को 2 गोल्ड मेडल मान्या श्रीवास्तव को 2 गोल्ड और 1 सिल्वर मेडल, काजल द्विवेदी को 3 गोल्ड मेडल प्राप्त हुआ।

इसके साथ ही सत्र 2022-23 और 2023-24 में सभी संकायों एवं विषयों में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाली 77 छात्राओं को स्वर्ण, 22 रजत और 20 कांस्य मेडल प्रदान किये गये। मुख्य अतिथि माननीय राजेश्वर सिंह जी ने संस्थापक दिवस की शुभकामनाएं देते हुए महाविद्यालय के अनुशासन, कुशल नेतृत्व एवं योग्य शिक्षिकाओं, एवं अनुशासित छात्राओं की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि सफलता का मार्ग एकाग्रता एवं कठिन परिश्रम है।

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उन्होंने कहा सफलता का मार्ग एकाग्रता एवं कठिन परिश्रम है बिना इसके सफलता प्राप्त करना मुश्किल होता है दीनदयाल जी के प्रति श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उन्होने कहा कि बाबूजी बहुत ही दूरदर्शी व्यक्ति थे। आज की पीढ़ी भाग्यशाली है, उनके द्वारा स्थापित बालिका शिक्षा के लिए अग्रणी कन्या महाविद्यालय में आज सभी छात्रोंओं को बेहतर शिक्षा मिल रही हैआज महिला शिक्षा को बढ़ावा देना सरकार की प्राथमिकता है। भारत के उच्च पदों पर महिलाएं कार्यरत है जैसे राष्ट्रपति, राज्यपाल वित्त मंत्री यह हमारे लिए गर्व की बात है। भारत को उच्च शिक्षा में विश्व में दूसरा सबसे बड़ा स्थान प्राप्त है।

विविध क्षेत्रों में महिलाओं के प्रगति और निष्ठा की बात करते हुए कहा कि महिलाओं को तकनीकी शिक्षा के लिए भी तैयार रहना चाहिए, कौशल विकास को विकसित कर राष्ट्र को प्रगति के पथ पर ले जाना चाहिए। कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि सदस्य विधान परिषद उत्तर प्रदेश के संतोष सिंह ने कहां की विद्या विनय को देती है विनय के साथ समाज को जोड़ना हमारा परम कर्तव्य है और इसके साथ ही ज्ञान शील एकता को भी जोड़े।

महाविद्यालय परिवार को अग्रिम सुनहरे भविष्य के लिए उनके द्वारा शुभकामनाएं दी गई। इस अवसर पर छात्राओं ने विविध सांस्कृतिक कार्यक्रम जैसे दुर्गा काली नृत्य, स्वरचित काव्यपाठ, रघुकुल गीत और लावनी नृत्य भी प्रस्तुत किये गये।

नवयुग में धूम धाम से मनाया गया संस्थापक दिवस 

महाविद्यालय प्रबंधक के प्रतिनिधि अमित दयाल ने अपने उद्बोधन में सभी छात्राओं को शुभकामनाएं दीं और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की और आगे भी अच्छे प्रदर्शन के लिए अपने आशीर्वचन से प्रेरित किया ।इस अवसर पर महाविद्यालय की प्रबंधक समिति के अध्यक्ष श्री कौशल अग्रवाल, लुवाक्टा अध्यक्ष डॉ मनोज पांडे, केकेसी महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ विनोद चंद्र, डॉ विक्रम सिंह, खुन खुन जी गर्ल्स डिग्री कॉलेज की प्राचार्या प्रोफेसर अंशु केडिया, RSS से अखिलेश, नवयुग कन्या विद्यालय की डॉ रीना सिंह, प्रवक्तागण सभी कमेटी सदस्य, मेडल कमेटी की कन्वीनर प्रोफेसर ज्योत्सना गौतम एवं मेंडल कमेटी सदस्य तथा गैर शैक्षणिक कर्मचारी गण, बड़ी संख्या में छात्राएं और उनके अभिभावक भी उपस्थित रहे।

महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो मंजुला उपाध्याय ने आये हुए अतिथियों का औपचारिक धन्यवाद ज्ञापन किया और सभी छात्राओं को अग्रिम भविष्य हेतु शुभकामनाएं प्रेषित की। कार्यक्रम का संचालन प्रोफेसर सीमा सरकार एवं पुरस्कार घोषणा डॉ सुखमनी गांधी के द्वारा किया गया। राष्ट्रगान और भारत माता की जय के उद्घोष के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

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