Lucknow। आज दिनांक नवयुग कन्या महाविद्यालय (Navayug Girls College) लखनऊ की राष्ट्रीय सेवा योजना के सप्त दिवसीय विशेष शिविर के षष्ठम दिवस का आयोजन राम लीला मैदान ऐशबाग लखनऊ में हुआ। सप्त दिवसीय विशेष शिविर के लिए इस वर्ष की थीम “यूथ फॉर माय भारत एंड यूथ फॉर डिजिटल लिटरेसी” (Youth for My Bharat and Youth for Digital Literacy) है। प्रथम सत्र का प्रारंभ शिविर स्थल की साफ सफाई, लक्ष्य गीत गायन तथा योगाभ्यास के साथ हुआ।
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इस सत्र में छात्राओं के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना का महत्व एवं उपयोगिता विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया।कार्यक्रम में विशिष्ट वक्ता के रूप में प्रोफेसर (सेवानिवृत्त) सुषमा मिश्रा, पूर्व कोऑर्डिनेट राष्ट्रीय सेवा योजना, जेएनपीजी कॉलेज लखनऊ उपस्थित रहीं।
अतिथि का स्वागत राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारियों द्वारा पौध भेंट करके किया गया। उन्होंने अपने व्याख्यान में बताया कि राष्ट्रीय सेवा योजना का उद्देश्य छात्रों एवं छात्राओं में समाज सेवा के माध्यम से व्यक्तित्व विकास करना है।
राष्ट्रीय सेवा योजना के माध्यम से समाज की आवश्यकता को पहचानकर अपने कार्य क्षेत्र का निर्धारण करने का अवसर मिलता है। यह स्वयं सेवक एवं स्वयं सेविकाओं में सामाजिक चेतना एवं सामाजिक संवेदना जागृत करता है।
राष्ट्रीय सेवा योजना समाज के लिए संवेदनशील एवं जिम्मेदार नागरिकों का निर्माण करती है। इसके माध्यम से छात्राओं में नेतृत्वशीलता के गुण का भी विकास होता है। इसके पश्चात छात्राओं के लिए जल संरक्षण विषय पर स्लोगन तथा स्वच्छता जागरूकता पर पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम में निर्णायक के रूप में ललिता पांडे, चेयरमैन पंकज आर्ट फाउंडेशन उपस्थित रहीं। स्लोगन प्रतियोगिता में दीक्षा वर्मा, कृतिका कुमारी तथा प्रियंका मिश्रा ने क्रमशः प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय स्थान प्राप्त किया एवं पोस्टर प्रतियोगिता में प्रथम स्थान दिव्यानी सोनवानी, द्वितीय स्थान मीत गुप्ता तथा तृतीय स्थान काजल भारती को प्राप्त हुआ।
द्वितीय सत्र में छात्राओं हेतु वर्ली आर्ट पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में ललिता पाण्डे, चेयरमैन पंकज आर्ट फाउंडेशन विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। अतिथि का स्वागत राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारियों द्वारा पौध भेंट करके किया गया।
श्रीमती पाण्डे ने छात्राओं को वर्ली आर्ट के विषय में विस्तार से जानकारी दी तथा प्रशिक्षण दिया। छात्राओं ने वर्ली आर्ट का प्रयोग करते हुए सुंदर आकृतियां बनाईं। तत्पश्चात छात्राओं हेतु कढ़ाई कौशल पर एक कार्यशाला का आयोजन किया गया जिसमें पुनीता भटनागर, चेयरमैन शिवि शिल्प ग्राम ने छात्राओं को काश्मीरी, चिकन, काज, शैडो, चोटी चेन सहित कढ़ाई की पचास से अधिक स्टिच सिखाई। कार्यशाला में छात्राओं ने बढ़चढ़ कर प्रतिभाग किया।
श्रीमती भटनागर ने बताया कि छात्राएं अगर चाहें तो इस कार्य को स्वरोजगार के रूप में भी अपना सकती हैं तथा सरकार द्वारा इसके लिए पाँच लाख तक के ऋण का प्रावधान किया गया है।सप्तदिवसीय विशेष शिविर के षष्ठम दिवस का समापन वंदे मातरम् के गायन के साथ हुआ। शिविर में राष्ट्रीय सेवा योजना की चारों इकाईयों की कार्यक्रम अधिकारी डॉ ऐश्वर्या सिंह, डॉ श्वेता उपाध्याय धर, डॉ मनीषा बड़ौनिया एवं डॉ चंदन मौर्या उपस्थित रहीं।